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जियो प्लेटफॉर्म्स के IPO ने रचा इतिहास, ₹7.4 लाख करोड़ से ज्यादा की मांग

मुंबई 
रिलायंस इंडस्ट्रीज की डिजिटल और टेलीकम्युनिकेशन कंपनी जियो प्लेटफॉर्म्स (Jio Platforms) के आईपीओ (IPO) को निवेशकों का जबरदस्त रिस्पॉन्स मिला है. यह IPO शुक्रवार को इश्यू बंद होने तक 22.19 गुना सब्सक्राइब हुआ. शेयर बाजार के आंकड़ों के मुताबिक, पब्लिक इश्यू और एंकर इंवेस्टर्स को मिलाकर कुल बिडिंग ₹7.4 लाख करोड़ से ज्यादा रही. जियो प्लेटफॉर्म्स के आईपीओ में करीब 1.39 करोड़ लोगों ने अप्लाई किया, यह भारतीय शेयर मार्केट में एक नया रिकॉर्ड है। 

जियो प्लेटफॉर्म्स का आईपीओ 21 अक्टूबर को खुला था और 23 अक्टूबर को बंद हुआ. इश्यू खुलने के महज 100 मिनट के भीतर ही इसे पूरी तरह सब्सक्राइब कर लिया गया था. शुक्रवार शाम 7 बजे तक उपलब्ध 19.75 करोड़ शेयरों के मुकाबले निवेशकों ने 438.3 करोड़ शेयरों के लिए बोलियां लगाई थीं. केवल पब्लिक इश्यू में ही ₹4.9 लाख करोड़ से ज्यादा की बोलियां आईं, जबकि रिटेल इंवेस्टर्स की ओर से ₹25,867 करोड़ से अधिक की मांग रही। 

किस कैटेगरी में कितनी लगी बोली?

आईपीओ में इंस्टीट्यूशनल इंवेस्टर्स की मांग सबसे मजबूत रही. क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) के लिए रिजर्व शेयरों के मुकाबले 70.55 गुना बोलियां मिलीं. नॉन-इंस्टीट्यूशनल इंवेस्टर्स (NIIs) की कैटेगरी 14 गुना और रिटेल इंवेस्टर्स की कैटेगरी 2.72 गुना सब्सक्राइब हुई. डोमेस्टिक फाइनेंशियल इंस्टीट्यूशंस (DIIs) ने 152.5 करोड़ शेयरों और फॉरेन इंस्टीट्यूशनल इंवेस्टर्स (FIIs) ने 123.9 करोड़ शेयरों के लिए बोलियां लगाईं. म्यूचुअल फंडों की ओर से 35.7 करोड़ शेयरों की मांग आई. वहीं, रिलायंस के शेयरधारकों के लिए रिजर्व हिस्सा 7.60 गुना और कर्मचारियों के लिए रिजर्व हिस्सा 2.93 गुना सब्सक्राइब हुआ. इस तरह आईपीओ की सभी निवेशक श्रेणियों में उपलब्ध शेयरों से ज्यादा मांग देखने को मिली। 

आवेदन का रिकॉर्ड टूटने की उम्मीद
जियो प्लेटफॉर्म्स के आईपीओ में करीब 1.39 करोड़ आवेदन आने की बात कही गई है. यह अक्टूबर 2024 में वारी एनर्जीज के आईपीओ के दौरान दर्ज 97.34 लाख आवेदनों के रिकॉर्ड से ज्यादा है. दूसरे बड़े आईपीओ से तुलना करें तो बजाज हाउसिंग फाइनेंस का इश्यू खुलने वाले दिन दोपहर 2 बजे तक पूरी तरह सब्सक्राइब हो गया था. एलजी इलेक्ट्रॉनिक्स इंडिया का आईपीओ 2025 में पहले दिन के अंत तक पूरा भर गया था। 

वहीं, हुंडई मोटर इंडिया के ₹27,870 करोड़ के आईपीओ को 2024 में पहले दिन केवल 18% सब्सक्रिप्शन मिला था. जियो प्लेटफॉर्म्स के आईपीओ का आकार भी इसे खास बनाता है. यह हुंडई मोटर इंडिया के ₹27,870 करोड़ के आईपीओ से बड़ा है और भारतीय शेयर बाजार में अब तक के सबसे बड़े पब्लिक इश्यू का रिकॉर्ड बनाने जा रहा है। 

एंकर इंवेस्टर्स से जुटाए ₹8,110 करोड़
पब्लिक इश्यू खुलने से पहले जियो प्लेटफॉर्म्स ने 19 अक्टूबर को 212 एंकर इंवेस्टर्स से करीब ₹8,110 करोड़ जुटाए थे. एंकर इंवेस्टर्स को ₹1,119 प्रति शेयर के भाव पर शेयर अलॉट किए गए, जो आईपीओ के प्राइस बैंड का अपर लेवल है. रिपोर्ट्स के मुताबिक, एंकर बुक में ₹2.5 लाख करोड़ से ज्यादा की बोलियां आईं, जो अलॉटेड फंड से 30 गुना से अधिक थीं. इनमें ब्लैकरॉक, फिडेलिटी इन्वेस्टमेंट्स, जीआईसी और अबू धाबी इंवेस्टमेंट अथॉरिटी जैसे बड़े ग्लोबल इंवेस्टर्स शामिल हैं। 

कंपनी कहां इस्तेमाल करेगी IPO के पैसे?
जियो प्लेटफॉर्म्स ने आईपीओ के लिए ₹1,065 से ₹1,119 प्रति शेयर का प्राइस बैंड तय किया था. कंपनी 27 करोड़ नए शेयर जारी कर रही है. अपर प्राइस बैंड पर इस इश्यू से कंपनी ने ₹30,213 करोड़ जुटने का लक्ष्य रखा था. इस कीमत पर कंपनी का वैल्यूएशन लगभग 108 अरब डॉलर होगा. इस आईपीओ की एक अहम बात यह है कि इसमें मौजूदा शेयरधारक अपनी हिस्सेदारी नहीं बेच रहे हैं. यानी यह पूरी तरह नए शेयर जारी करने वाला इश्यू है और इससे मिलने वाली रकम कंपनी को मिलेगी। 

रिलायंस इंडस्ट्रीज की जियो प्लेटफॉर्म्स में 66.4% हिस्सेदारी है. कंपनी की योजना जुटाई गई रकम में से ₹27,500 करोड़ तक का इस्तेमाल अपनी पूर्ण स्वामित्व वाली सहायक कंपनी रिलायंस जियो इंफोकॉम का कर्ज चुकाने में करने की है. बाकी रकम का इस्तेमाल टेक्नोलॉजी, डिजिटल सर्विसेज में इंवेस्टमेंट, कैपिटल एक्सपेंडिचर और रोजमर्रा के कारोबार की जरूरतों को पूरा करने में किया जाएगा। 

टेलीकॉम बिजनेस से आगे बढ़ने की तैयारी
जियो प्लेटफॉर्म्स के मैनेजिंग डायरेक्टर आकाश अंबानी ने कहा है कि कंपनी टेलीकॉम सर्विसेज से आगे बढ़कर टेक्नोलॉजी, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और क्लाउड सर्विसेज पर ध्यान दे रही है. कंपनी ने अपने 53.33 करोड़ ग्राहकों को इन नए कारोबार के विस्तार का आधार बताया है. आईपीओ को मिली जबरदस्त मांग से पता चलता है कि इंवेस्टर्स जियो प्लेटफॉर्म्स के मौजूदा टेलीकॉम बिजनेस के साथ-साथ उसकी डिजिटल सर्विसेज और टेक्नोलॉजी इंफ्रास्ट्रक्चर के विस्तार में भी दिलचस्ली ले रहे हैं. यह आईपीओ 28 अक्टूबर को बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) में लिस्ट होगा. इस आईपीओ का ग्रे मार्केट प्रीमियम (GMP) 23.24% चल रहा है। 

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